भारत और अमेरिका के बीच प्रस्तावित मुक्त व्यापार समझौते (फ्री ट्रेड एग्रीमेंट) के विरोध में बुधवार को भारतीय किसान संगठन और ‘देश बचाओ मोर्चा’ के कार्यकर्ताओं ने ताखा तहसील पहुंचकर प्रधानमंत्री के नाम संबोधित ज्ञापन तहसीलदार जावेद अंसारी को सौंपा। संगठन ने समझौते को किसानों, खेतिहर मजदूरों और छोटे व्यापारियों के हितों के खिलाफ बताते हुए इसे तत्काल निरस्त करने की मांग की।
भारतीय किसान संगठन के जिला अध्यक्ष नरेंद्र कुमार गुप्ता के नेतृत्व में पहुंचे किसानों ने कहा कि प्रस्तावित समझौता भारतीय कृषि, ग्रामीण अर्थव्यवस्था, पशुपालकों, लघु एवं कुटीर उद्योगों तथा देश की आर्थिक संप्रभुता के लिए गंभीर चुनौती साबित हो सकता है। किसान नेताओं का आरोप है कि इस समझौते से विदेशी उत्पादों की प्रतिस्पर्धा बढ़ेगी, जिससे देश के किसानों और छोटे कारोबारियों पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ेगा।
ज्ञापन में संगठन ने कहा कि यह समझौता करोड़ों किसानों और ग्रामीण परिवारों की आजीविका को प्रभावित कर सकता है। किसान नेताओं ने इसे किसानों के लिए घातक बताते हुए कहा कि किसी भी स्थिति में ऐसे समझौते को स्वीकार नहीं किया जाएगा जो कृषि क्षेत्र के हितों के विपरीत हो।
संगठन ने केंद्र सरकार से मांग की कि प्रस्तावित भारत-अमेरिका मुक्त व्यापार समझौते को तत्काल प्रभाव से वापस लिया जाए। साथ ही चेतावनी दी कि यदि किसानों की मांगों की अनदेखी की गई तो ‘देश बचाओ मोर्चा’ और भारतीय किसान संगठन लोकतांत्रिक एवं संवैधानिक तरीके से देशव्यापी जन आंदोलन शुरू करने को बाध्य होंगे।
ज्ञापन सौंपने के दौरान जिला अध्यक्ष नरेंद्र कुमार गुप्ता के अलावा अतुल सक्सेना, अश्वनी शाक्य, अभय यादव, जीतू यादव, सुखवीर, बलवीर, सर्वेश, मनोज, संजीव, रॉकी, आदित्य, विक्की, लालजी सहित अनेक किसान नेता और कार्यकर्ता उपस्थित रहे। संगठन ने किसानों के हितों की रक्षा के लिए संघर्ष जारी रखने का संकल्प भी दोहराया।
