इटावा प्रयागराज महाकुंभ के चलते इटावा रीजन से चलने वाली अधिकांश बसें वहां भेजी गई हैं, जिसके कारण इटावा बस स्टैंड पर बसों का टोटा हो गया है। खासकर दिल्ली, आगरा, मेरठ, गाजियाबाद और बरेली रूटों पर यात्रा करने वाले यात्रियों को बस न मिल पाने से भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।

इटावा रीजन की कुल 528 बसों में से 440 बसें महाकुंभ के द्वितीय चरण के लिए प्रयागराज भेजी गई हैं, जो 24 जनवरी से 28 फरवरी तक वहां चलेंगी। इसमें इटावा डिपो की 78 बसों में से 70 और सैफई डिपो की 24 बसों में से 16 बसें महाकुंभ के लिए भेजी गई हैं।

इटावा और सैफई डिपो की शेष बची 16 और 10 अनुबंधित बसों, कुल 26 बसों के जरिए ही इटावा से कानपुर, आगरा, बरेली, नोएडा, गाजियाबाद, अलीगढ़, मेरठ, फर्रुखाबाद समेत अन्य रूटों पर यात्री सफर कर रहे हैं। इन सीमित बसों के कारण यात्रियों को बसों में चढ़ने के लिए काफी मशक्कत करनी पड़ रही है। हर दिन इटावा और सैफई डिपो से करीब 8 से 10 हजार यात्री सफर करते हैं, लेकिन कम बसों के संचालन के कारण स्थिति और भी जटिल हो गई है।
