जिलाधिकारी शुभ्रांत कुमार शुक्ल की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट स्थित नवीन सभागार में मुख्यमंत्री डैशबोर्ड (दर्पण पोर्टल) के अंतर्गत विकास कार्यों की प्रगति की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में विभिन्न विभागों द्वारा संचालित योजनाओं और विकास कार्यों की प्रगति का विस्तृत मूल्यांकन किया गया।

बैठक में बताया गया कि मुख्यमंत्री डैशबोर्ड पर विकास कार्यों से संबंधित जनपद की रैंक अप्रैल 2026 में 25 थी, जो मई 2026 में 37 हो गई है। वहीं राजस्व कार्यों से संबंधित रैंक अप्रैल में 65 से सुधरकर मई में 53 हो गई। जनपद की समेकित रैंक अप्रैल में 53 थी, जो मई में बेहतर होकर 44 पर पहुंच गई है।
समीक्षा के दौरान पंडित दीनदयाल उपाध्याय सोलर स्ट्रीट लाइट योजना में इटावा को 10 में से 10 अंक प्राप्त हुए और प्रदेश में प्रथम स्थान हासिल हुआ। इसके अलावा ड्रॉप मोर क्रॉप योजना, खराब ट्रांसफार्मर शिकायत निस्तारण एवं विद्युत बिल सुधार, कृषि रक्षा रसायन डीबीटी योजना, एम्बुलेंस 102 सेवा, टेली रेडियोलॉजी, दिव्यांग पेंशन योजना तथा प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना में भी जनपद ने प्रदेश में प्रथम स्थान प्राप्त किया।
बैठक में यह भी बताया गया कि प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना में जनपद को 10/10 अंक के साथ 64वीं रैंक, एकीकृत बागवानी विकास मिशन में 10/10 अंक के साथ 46वीं रैंक, प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) में 10/10 अंक के साथ 12वीं रैंक तथा स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) में 10/10 अंक के साथ 11वीं रैंक प्राप्त हुई। मुख्यमंत्री आवास योजना में पूर्ण अंक मिलने के बावजूद जनपद की रैंक 65 रही। परिवार आईडी, 15वें वित्त आयोग और सामाजिक वानिकीकरण जैसे क्षेत्रों में भी प्रदर्शन की समीक्षा की गई।
जिलाधिकारी ने लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि जिन सड़कों के किनारे आबादी क्षेत्र हैं, वहां जल निकासी की समुचित व्यवस्था हेतु नालियों का निर्माण कराया जाए, ताकि वर्षा के दौरान सड़कों को नुकसान न पहुंचे और उनकी गुणवत्ता बनी रहे।
उन्होंने सभी विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया कि लंबित परियोजनाओं को प्राथमिकता के आधार पर समयबद्ध ढंग से पूरा किया जाए। साथ ही कहा कि मुख्यमंत्री का जनपद भ्रमण किसी भी समय प्रस्तावित हो सकता है, इसलिए सभी अपूर्ण परियोजनाओं को शीघ्र पूर्ण कर लिया जाए तथा नई परियोजनाओं के शिलान्यास हेतु अधिक से अधिक प्रस्ताव तैयार किए जाएं।
जिलाधिकारी ने कहा कि मुख्यमंत्री डैशबोर्ड की समीक्षा के लिए माह में अभी 10 दिन शेष हैं। ऐसे में सभी विभाग अपने-अपने इंडिकेटरों पर विशेष ध्यान दें और जिन बिंदुओं पर जनपद की रैंकिंग में गिरावट आई है, उनमें तत्काल सुधारात्मक कार्रवाई सुनिश्चित करें।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी अजय कुमार गौतम, उप निदेशक कृषि सतीश कुमार पांडेय, जिला विद्यालय निरीक्षक अतुल सिंह, मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. धर्मेंद्र सिंह, जिला प्रोबेशन अधिकारी विनय कुमार, जिला कार्यक्रम अधिकारी लक्ष्मीकांत त्रिपाठी, जिला पर्यटन अधिकारी मोहित सिंह, परियोजना अधिकारी यूपीनेडा प्रिया शर्मा सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
