इटावा, 20 मई 2026। जिलाधिकारी शुभ्रांत कुमार शुक्ल की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट स्थित नवीन सभागार में जिला स्तरीय उद्योग बंधु समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में जनपद की औद्योगिक इकाइयों की समस्याओं, उनके समाधान तथा उद्योगों को बढ़ावा देने हेतु संचालित सरकारी योजनाओं की समीक्षा की गई।

बैठक को संबोधित करते हुए जिलाधिकारी ने कहा कि जनपद में संचालित औद्योगिक इकाइयों की समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित किया जाए तथा उद्योगों को आगे बढ़ाने के लिए हरसंभव सहयोग प्रदान किया जाए। उन्होंने कहा कि उद्योग विभाग द्वारा संचालित मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास योजना एवं विश्वकर्मा योजना जैसी योजनाओं के माध्यम से युवाओं को उद्यमिता से जोड़ने का कार्य किया जा रहा है, जिससे युवा आत्मनिर्भर बन सकें।
बैठक में जानकारी दी गई कि मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास योजना के अंतर्गत जनपद में 2200 लाभार्थियों को लाभान्वित करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इसके तहत अब तक बैंकों को 500 आवेदन भेजे जा चुके हैं, जिनमें से 205 आवेदन स्वीकृत किए गए हैं। वहीं “एक जनपद एक उत्पाद” योजना में 42 लक्ष्य के सापेक्ष 5 आवेदन भेजे गए हैं तथा 1 आवेदन स्वीकृत हुआ है। जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को अधिक से अधिक आवेदन प्राप्त कर योजनाओं से लोगों को जोड़ने के निर्देश दिए।
जिलाधिकारी ने कहा कि जनपद के बुनकरों को बिजली बिल में सब्सिडी दी जाती है। उन्होंने उद्योग विभाग एवं बिजली विभाग को संयुक्त रूप से सत्यापन करने के निर्देश दिए, ताकि पात्र लोगों को ही लाभ मिल सके तथा अपात्र व्यक्तियों के खिलाफ कार्रवाई की जा सके।
बैठक में यह भी बताया गया कि उत्तर प्रदेश खादी एवं ग्रामोद्योग विभाग द्वारा भुर्जी समाज के इच्छुक लोगों को निःशुल्क पॉपकॉर्न मेकिंग मशीन उपलब्ध कराई जाएगी। इच्छुक व्यक्ति विभाग से संपर्क कर योजना का लाभ ले सकते हैं।
इसके अतिरिक्त माटीकला योजना के अंतर्गत मिट्टी के बर्तन, कुल्हड़, मूर्तियां एवं सजावटी सामान बनाने वाले कारीगरों को बढ़ावा देने हेतु परियोजना लागत पर 25 प्रतिशत तक सब्सिडी प्रदान की जा रही है। साथ ही चाक वितरण का लक्ष्य 30 निर्धारित किया गया है, जिन्हें पात्र लाभार्थियों को निःशुल्क वितरित किया जाएगा।
बैठक में नई उत्तर प्रदेश पर्यटन नीति 2022 के तहत होटल, ढाबा एवं गेस्ट हाउस जैसे पर्यटन व्यवसायों के लिए निवेश आधारित सब्सिडी की जानकारी भी दी गई। अधिकारियों ने बताया कि 10 करोड़ रुपये तक के निवेश पर 2 करोड़ रुपये तथा 500 करोड़ रुपये से अधिक निवेश पर 40 करोड़ रुपये तक की सब्सिडी प्रदान की जाएगी।
इस अवसर पर पर्यटन अधिकारी मोहित मनोहर सिंह, उपायुक्त उद्योग, एआरटीओ प्रदीप देशमणि सहित कई उद्योगपति एवं संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
