काव्य गरिमा हिंदी साहित्य मंच के तत्वावधान में गांधी शांति प्रतिष्ठान, नई दिल्ली में एक भव्य काव्य गोष्ठी, पुस्तक विमोचन एवं सम्मान समारोह संपन्न हुआ। यह आयोजन मंच के प्रथम वार्षिकोत्सव के रूप में मनाया गया। इस अवसर पर विशिष्ट अतिथि डॉ. कीर्ति काले और डॉ. ठाकुर सुदेश कुमार रौनिजा के करकमलों द्वारा इटावा के शिक्षक भगवान दास शर्मा ‘प्रशांत’ को अखिल भारतीय साहित्य सृजन सम्मान 2025 से सम्मानित किया गया। उन्हें यह सम्मान शिक्षा और साहित्य के क्षेत्र में उनके उत्कृष्ट योगदान के लिए प्रदान किया गया।
भगवान दास शर्मा ‘प्रशांत’ उत्तर प्रदेश के इटावा जनपद में जन सहयोगी इंटर कॉलेज में हिंदी शिक्षक के रूप में कार्यरत हैं। उनके इस सम्मान पर उत्तर प्रदेश साहित्य सभा इटावा, ‘पहल’ के संरक्षक डॉ. राजीव राज, भूतपूर्व सैनिक संगठन के जिलाध्यक्ष प्रताप सिंह भदौरिया, माध्यमिक शिक्षक संघ (शर्मा गुट) के प्रांतीय मंत्री कवि कमलेश शर्मा, जिलाध्यक्ष राजीव कुमार गोयल, कॉलेज प्रधानाचार्य एवं समस्त स्टाफ, नेल्स फाउंडेशन के जिलाध्यक्ष रंजीत यादव, विश्व हिंदी परिषद के डॉ. नंद किशोर साह सहित अनेक गणमान्य व्यक्तियों ने हर्ष व्यक्त करते हुए उन्हें शुभकामनाएँ दीं।

इस अवसर पर मंच की संस्थापिका गरिमा भाटी ‘गौरी’ और मंच की अध्यक्ष डॉ. मीना घुमे ‘निराली’ के सौजन्य से 13 पुस्तकों का विमोचन भी किया गया। समारोह में विभिन्न क्षेत्रों – शिक्षा, साहित्य, कला, नृत्य, संगीत, रक्तदान, पत्रकारिता, ज्योतिष, समाजसेवा, कृषि, खेलकूद, मीडिया, दिव्यांग अधिकार, मानव अधिकार, महिला एवं बाल अधिकार आदि में उत्कृष्ट योगदान देने वाले मनीषियों को अखिल भारतीय सृजन सम्मान से नवाजा गया।
कार्यक्रम के पहले सत्र की अध्यक्षता जाने-माने गजलकार, दोहा सम्राट एवं आधुनिक कबीर के रूप में प्रसिद्ध डॉ. नरेश शांडिल्य ने की, जबकि दूसरे सत्र की अध्यक्षता जयपुर, राजस्थान के सुप्रसिद्ध कवि, गीतकार और शायर गोविंद भारद्वाज ने की। समारोह में अति विशिष्ट अतिथि के रूप में सुप्रसिद्ध वरिष्ठ कवयित्री एवं साहित्यकार डॉ. कीर्ति काले और इसरो के डिपार्टमेंट ऑफ होलिस्टिक एजुकेशन के डायरेक्टर डॉ. ठाकुर सुदेश कुमार रौनिजा उपस्थित रहे।

अन्य प्रमुख अतिथियों में ग्रेटर नोएडा के प्रख्यात गीतकार प्रमोद मिश्र ‘निर्मल’, भोपाल, मध्य प्रदेश के प्रसिद्ध गीतकार, शायर एवं लेखक मुकेश ‘कबीर’, पंचकूला, हरियाणा की प्रसिद्ध गीतकार एवं गजलकार डॉ. प्रतिभा ‘माही’ तथा नई दिल्ली की 4 वर्ल्ड रिकॉर्ड होल्डर डॉ. विदुषी शर्मा शामिल थीं।
इस भव्य आयोजन में देश के 12 विभिन्न राज्यों – दिल्ली, राजस्थान, मध्य प्रदेश, हरियाणा, ओडिशा, बिहार, उत्तर प्रदेश, महाराष्ट्र, गुजरात, कर्नाटक, छत्तीसगढ़ और पश्चिम बंगाल से 100 से अधिक कवि, गीतकार, गजलकार, बाल साहित्य सर्जक, साहित्यकार, शिक्षाविद, कलाकार, पत्रकार, वैज्ञानिक और समाजसेवी सम्मिलित हुए और अपने उत्कृष्ट योगदान के लिए सम्मानित किए गए।
