भारत निर्वाचन आयोग एवं मुख्य निर्वाचन अधिकारी, उत्तर प्रदेश, लखनऊ के निर्देशों के अनुपालन में जनपद इटावा के मतदेय स्थलों के प्रस्तावों को अंतिम रूप प्रदान किए जाने के उद्देश्य से कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में जिलाधिकारी एवं जिला निर्वाचन अधिकारी शुभ्रान्त कुमार शुक्ल की अध्यक्षता में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई।

बैठक में 41-इटावा लोकसभा क्षेत्र के सांसद जितेन्द्र दोहरे भरथना विधानसभा क्षेत्र के विधायक राघवेन्द्र कुमार सिंह सहित जसवंतनगर, इटावा एवं भरथना विधानसभा क्षेत्रों के जनप्रतिनिधियों, विभिन्न राजनीतिक दलों के पदाधिकारियों तथा उनके प्रतिनिधियों ने भाग लिया। भारतीय जनता पार्टी, समाजवादी पार्टी, कांग्रेस, बहुजन समाज पार्टी और आम आदमी पार्टी के प्रतिनिधियों ने भी बैठक में अपनी उपस्थिति दर्ज कराई।
जिलाधिकारी ने बताया कि मतदेय स्थलों के संभावित संभाजन एवं पुनर्गठन से संबंधित शिकायतें और सुझाव 10 जुलाई 2026 तक लिखित रूप में प्राप्त किए गए थे। इन शिकायतों और सुझावों की जांच संबंधित उप जिलाधिकारियों एवं निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारियों द्वारा कराई गई। जांच रिपोर्ट के आधार पर प्राप्त आपत्तियों एवं सुझावों के निस्तारण के बाद प्रस्तावित मतदेय स्थलों का विवरण बैठक में उपस्थित सभी जनप्रतिनिधियों और राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के समक्ष प्रस्तुत किया गया।
बैठक के दौरान प्राप्त सुझावों और आपत्तियों को विस्तार से पढ़कर सुनाया गया। इस पर कुछ पदाधिकारियों द्वारा आपत्तियां दर्ज कराई गईं। मामले की गंभीरता को देखते हुए जिलाधिकारी एवं जिला निर्वाचन अधिकारी ने संबंधित बिंदुओं की पुनः जांच कराने के निर्देश दिए तथा कहा कि सभी पक्षों की संतुष्टि और निर्वाचन आयोग के मानकों के अनुरूप प्रक्रिया पूरी करने के बाद ही मतदेय स्थलों के संभाजन को अंतिम रूप दिया जाएगा।
बैठक में निर्वाचन प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी, निष्पक्ष और सुगम बनाने पर जोर दिया गया। जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि प्राप्त आपत्तियों का शीघ्र परीक्षण कर आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करें, जिससे आगामी निर्वाचन संबंधी व्यवस्थाएं समयबद्ध रूप से पूर्ण की जा सकें।
