जिलाधिकारी शुभ्रान्त कुमार शुक्ल एवं अपर पुलिस अधीक्षक की अध्यक्षता में तहसील जसवंतनगर में सम्पूर्ण समाधान दिवस का आयोजन किया गया। इस दौरान जनसामान्य की समस्याओं को सुनते हुए अधिकारियों को प्राप्त शिकायतों का निर्धारित समय सीमा में गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।

जिलाधिकारी ने कहा कि सभी विभागीय अधिकारी संबंधित कर्मचारियों के साथ मौके पर जाकर शिकायतकर्ता का पक्ष सुनें और समस्याओं का प्रभावी समाधान करें। उन्होंने निर्देशित किया कि प्रत्येक प्रकरण की गंभीरता से जांच की जाए तथा दोषी और जवाबदेह व्यक्तियों के विरुद्ध आवश्यक कार्रवाई की जाए। साथ ही उन्होंने अधिकारियों से गांवों के भ्रमण के दौरान विभागीय योजनाओं का सत्यापन करने और लाभार्थियों से फीडबैक लेने को भी कहा।
सम्पूर्ण समाधान दिवस में विभिन्न विषयों से संबंधित कुल 30 प्रार्थना पत्र प्राप्त हुए, जिनमें से 4 शिकायतों का मौके पर ही निस्तारण कर दिया गया, जबकि शेष मामलों को संबंधित विभागों को भेजते हुए शीघ्र समाधान के निर्देश दिए गए। प्राप्त शिकायतों में सर्वाधिक मामले भूमि एवं राजस्व संबंधी रहे।
डीएम ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि एक सप्ताह से अधिक समय से लंबित मामलों में विलंब के कारणों का स्पष्ट उल्लेख किया जाए तथा सभी प्रकरणों का निस्तारण अनिवार्य रूप से एक सप्ताह के भीतर कराया जाए। उन्होंने कहा कि शिकायतों के समाधान में लापरवाही किसी भी स्तर पर स्वीकार नहीं की जाएगी।
इस अवसर पर अपर पुलिस अधीक्षक ने पुलिस विभाग से संबंधित शिकायतों की सुनवाई करते हुए थानाध्यक्षों को प्रत्येक मामले में मौके पर जाकर कार्रवाई करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि समाधान दिवस में प्राप्त शिकायतों के निस्तारण की शासन स्तर पर समीक्षा की जाती है तथा शिकायतकर्ताओं से फीडबैक भी लिया जाता है, इसलिए सभी मामलों का गुणवत्तापूर्ण और संतोषजनक निस्तारण सुनिश्चित किया जाए।
कार्यक्रम में उप जिलाधिकारी जसवंतनगर, पुलिस उपाधीक्षक आयुषी सिंह, तहसीलदार तथा अन्य जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे।
