पत्रकार हितों के संरक्षण और सहयोग के लिए निरंतर कार्यरत इलेक्ट्रॉनिक एंड प्रिंट मीडिया वेलफेयर एसोसिएशन (इंडिया) ने मानवीय संवेदनाओं का परिचय देते हुए सड़क दुर्घटना में घायल पत्रकार विनीत कुमार को आर्थिक सहायता प्रदान की। संगठन के 17 सदस्यों ने आपसी सहयोग से धनराशि एकत्रित कर उनके उपचार के लिए आर्थिक मदद उपलब्ध कराई तथा शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की कामना की।
इस अवसर पर संगठन के पदाधिकारी एवं सदस्य विनीत कुमार के आवास पहुंचे और उनका हालचाल जाना। उन्होंने परिजनों से मुलाकात कर हरसंभव सहयोग का भरोसा दिलाया। संगठन के प्रतिनिधियों ने कहा कि पत्रकार समाज का एक महत्वपूर्ण स्तंभ है और संकट की घड़ी में पत्रकारों के साथ खड़ा होना हम सभी की नैतिक जिम्मेदारी है।
संगठन के जिला अध्यक्ष सैफ तैमूरी, कानपुर मंडल उपाध्यक्ष राजीव यादव तथा जिला प्रभारी सर्वेन्द्र कुशवाहा ने संयुक्त रूप से बताया कि सड़क दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल हुए विनीत कुमार को चिकित्सकों ने लगभग छह माह तक पूर्ण बेड रेस्ट की सलाह दी है। इस दौरान उनका निरंतर उपचार जारी रहेगा, जिससे उन्हें आर्थिक एवं मानसिक चुनौतियों का सामना करना पड़ सकता है। ऐसे समय में संगठन का यह सहयोग उनके लिए संबल का कार्य करेगा।
पदाधिकारियों ने अन्य पत्रकार संगठनों, सामाजिक संस्थाओं एवं समाजसेवियों से भी अपील की कि वे आगे बढ़कर घायल पत्रकार की यथासंभव सहायता करें। उन्होंने कहा कि पत्रकारिता से जुड़े लोगों के सुख-दुख में सभी संगठनों को एकजुट होकर सहयोग और संवेदनशीलता का परिचय देना चाहिए।
संगठन के सदस्यों ने विश्वास व्यक्त किया कि सामूहिक सहयोग, शुभकामनाओं और बेहतर उपचार के बल पर विनीत कुमार जल्द ही स्वस्थ होकर पुनः अपनी पत्रकारिता की जिम्मेदारियों का निर्वहन करेंगे। साथ ही उनके परिवार को भी हरसंभव सहयोग का आश्वासन दिया गया। संगठन की इस पहल की स्थानीय पत्रकारों तथा समाज के विभिन्न वर्गों ने सराहना करते हुए इसे पत्रकार एकता, मानवीय संवेदना और सामाजिक उत्तरदायित्व का उत्कृष्ट उदाहरण बताया।
आर्थिक सहयोग प्रदान करने वालों में सुघर सिंह, राजीव यादव, सैफ तैमूरी, सर्वेन्द्र कुशवाहा, मेघ सिंह वर्मा, ऋषिपाल सिंह, आमीन, मोहम्मद इदरीश, विनीता यादव, असित यादव, पंकज राठौर, करुणानिधि, दीपेश गौतम, संजय कुमार, इमरान, मनोज कुमार तथा आसिफ शामिल रहे। सभी सदस्यों ने संयुक्त रूप से सहयोग राशि विनीत कुमार के घर पहुंचकर उनके परिवार को सौंपी।
