समाजवादी पार्टी (सपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव एक शादी समारोह में शिरकत करने पहुंचे, जहां उन्होंने उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 को लेकर बड़ा बयान दिया। उन्होंने कहा कि आगामी चुनाव में इंडिया गठबंधन जीत हासिल करेगा। कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष अजय राय द्वारा अकेले चुनाव लड़ने के दिए गए बयान पर अखिलेश यादव ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि इंडिया गठबंधन पहले भी साथ था, अब भी साथ है और 2027 में भी साथ मिलकर चुनाव लड़ेगा।
अखिलेश यादव ने इशारों-इशारों में कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि हरियाणा, महाराष्ट्र और दिल्ली में कांग्रेस को मिली हार से सीखने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि गठबंधन की एकजुटता ही आगामी चुनावों में जीत का मार्ग प्रशस्त करेगी। इसके साथ ही उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि सपा अपने गठबंधन धर्म का पालन करेगी और सभी दलों को एकजुट रखने का प्रयास करेगी।

नई दिल्ली में धार्मिक आयोजन के दौरान मची भगदड़ में 18 लोगों की मौत पर दुख जताते हुए अखिलेश यादव ने सरकार से पीड़ित परिवारों को 50-50 लाख रुपये मुआवजा देने की मांग की। उन्होंने कहा कि सरकार की लापरवाही के कारण यह हादसा हुआ है और अब पीड़ित परिवारों को न्याय मिलना चाहिए। उन्होंने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) पर निशाना साधते हुए कहा कि भाजपा हर धार्मिक आयोजन में अपना राजनीतिक फायदा ढूंढती है।

अखिलेश यादव ने भाजपा की डबल इंजन सरकार को ‘डबल ब्लेंडर’ सरकार करार दिया। उन्होंने कहा कि यह सरकार केवल घोषणाएं करती है लेकिन जनता को वास्तविक लाभ नहीं पहुंचा रही है। उन्होंने आगे कहा कि इस सरकार की नीतियां सिर्फ भ्रम पैदा करने के लिए हैं और जनता को अब इनके झूठे वादों को समझना होगा।

डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य द्वारा 2047 तक यूपी में सपा की सरकार न बनने के दिए गए बयान पर अखिलेश यादव ने पलटवार किया। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बयान का हवाला देते हुए कहा कि मोदी जी ने भी कहा था कि 2047 तक वह प्रधानमंत्री रहेंगे, साथ ही 75 साल की उम्र के बाद राजनीति से संन्यास लेने की बात कही थी। लेकिन लखनऊ की जनता जानती है कि अगली बार कौन रिटायर होगा।

अखिलेश यादव के इस बयान से आगामी चुनावों की रणनीति को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं। सपा के इस रूख से साफ है कि पार्टी 2027 के चुनाव में इंडिया गठबंधन के साथ रहकर भाजपा को सत्ता से हटाने की कोशिश करेगी।
