भरथना- विकास खण्ड क्षेत्र की ग्राम पंचायत असफपुर के मजरा ग्राम तुरुकपुर में पिछले करीब एक सप्ताह से घरों में लगे हैंडपम्प आदि समरसेविल, मोटर पम्पों से पेट्रोलियम के दुर्गन्ध युक्त पानी निकलने से कौतूहल मचा हुआ है। साथ ही ग्रामीण गांव की पेयजल व्यवस्था और अपने स्वास्थ्य को लेकर परेशान बने हुए हैं। स्वास्थ्य के प्रति सजगता को लेकर ग्रामीण महिला-पुरुष, युवक-युवतियां गांव के बाहर करीब एक किमी0 दूर लगे एक ट्यूबबैल से पीने का पानी लाने को मजबूर बने हुए हैं। ग्रामीणों की इस समस्या को लेकर प्रशासन अभी तक बेखबर बना हुआ है।
ग्रामीणों के अनुसार समरसेविल और हैंडपम्प से निकलने वाले पानी में डीजल-पेट्रोल जैसी तेज दुर्गन्ध आने से ग्रामीण परेशान हैं। पूरे गांव में करीब दो दर्जन घरों में यह समस्या देखने को मिली। ग्रामीण गजेन्द्र सिंह, नीलेश, रघुवर दयाल, रन सिंह, सोहन प्रजापति, लल्लन, रामा देवी, सरिता, सुमन, आरती और सुशीला भदौरिया समेत अन्य ग्रामीणों ने संयुक्त रूप से जानकारी देते हुए बताया कि उनके घरों में लगे समरसेविल और हैंडपम्प से निकलने वाले पानी में करीब एक सप्ताह से डीजल-पेट्रोल जैसी तेज महक आ रही है। ग्रामीणों के अनुसार बाल्टी या किसी बर्तन में पानी भरने के बाद भी काफी देर तक दुर्गंध आती रहती है, साथ ही उक्त पानी कुछ ही देर में पीले रंग का हो जाता है। जिसके कारण पानी का उपयोग करने में उन्हें परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
ग्रामीणों ने बताया कि पानी की समस्या के चलते उन्हें गांव से करीब एक किमी0 दूर खेतों में लगे ट्यूबबैल से पानी भरकर लाना पड़ रहा है। रोजमर्रा के काम के लिए दूर से पानी लाने में ग्रामीणों को काफी समय और मेहनत भी करनी पड़ रही है। ग्रामीणों का आरोप है कि गांव में जलजीवन मिशन योजना के तहत पानी की टंकी का निर्माण कराया गया था। इसके साथ ही घर-घर पानी पहुंचाने के लिए गांव में पाइप लाइन भी बिछाई गई, लेकिन दो वर्ष बीतने के बाद भी पाइप लाइन से पानी की आपूर्ति नहीं हो सकी है। ग्रामीणों के अनुसार पाइप लाइन बिछाने के बाद कार्य को अधूरा छोड़ दिया गया और सरकार की इस योजना के तहत पानी की टंकी और पाइप लाइन होने के बावजूद ग्रामीणों को इसका लाभ नहीं मिल पा रहा है।
ग्रामीणों ने जिम्मेदार अधिकारियों से गांव में पहुंचकर मामले की जांच कराने और पानी के नमूने लेकर उसकी गुणवत्ता की जांच कराने की मांग की है। साथ ही जल जीवन मिशन के तहत अधूरे पड़े कार्य को जल्द पूरा कराकर पाइप लाइन से पानी की आपूर्ति शुरू कराने की भी मांग की है।
