ऊसराहार/ताखा (इटावा)। विकासखंड ताखा में पिछले 10 महीनों से मानदेय का भुगतान न होने से नाराज ग्राम रोजगार सेवकों ने प्रशासन के खिलाफ मोर्चा खोल दिया। रोजगार सेवकों ने डीडीओ की बैठक का बहिष्कार करते हुए ब्लॉक मुख्यालय तक पैदल मार्च निकालकर विरोध प्रदर्शन किया।
राजीव शाक्य के नेतृत्व में एकजुट हुए रोजगार सेवकों ने डीडीओ राकेश प्रसाद एवं बीडीओ विजय शंकर को ज्ञापन सौंपते हुए अपनी समस्याएं रखीं। उन्होंने कहा कि करीब 10 माह से मानदेय लंबित होने के कारण उनके सामने आर्थिक संकट गहरा गया है और परिवार चलाना मुश्किल हो गया है।

प्रदर्शनकारियों ने बताया कि हालात इतने खराब हो चुके हैं कि बच्चों के स्कूल में दाखिले, मोबाइल रिचार्ज और रोजमर्रा के आवागमन के लिए पेट्रोल तक के पैसे नहीं बच रहे हैं। रोजगार सेवकों ने कहा कि लगातार कार्य करने के बावजूद उन्हें भुगतान नहीं मिल रहा, जिससे उनमें भारी रोष है।
ज्ञापन के माध्यम से रोजगार सेवकों ने स्पष्ट चेतावनी दी कि जब तक बकाया मानदेय का भुगतान नहीं किया जाता, तब तक वे मनरेगा के अलावा अन्य किसी भी सरकारी कार्य को नहीं करेंगे। साथ ही प्रशासन से मांग की गई कि भुगतान होने तक उन्हें किसी अतिरिक्त कार्य के लिए बाध्य न किया जाए।
ताखा ब्लॉक में कुल 24 ग्राम रोजगार सेवक तैनात हैं, जिनमें से 18 रोजगार सेवक प्रदर्शन में शामिल रहे। प्रदर्शन में राजीव शाक्य, सुनील कुमार, पंकज कुमार, पूजा, शशिकांती, दिनेश, अरविंद, भोजराज, राहुल सहित अन्य रोजगार सेवक मौजूद रहे।
प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द ही उनकी समस्याओं का समाधान नहीं हुआ तो आंदोलन को और उग्र किया जाएगा। बैठक में खंड विकास अधिकारी प्रदीप कुमार एवं विजय शंकर भी मौजूद रहे
