राजकीय इंटर कॉलेज में शुक्रवार को सड़क सुरक्षा जागरूकता को लेकर गोष्ठी एवं विभिन्न प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि एआरटीओ प्रदीप देशमणी ने मां सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण व दीप प्रज्वलित कर किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि सड़क दुर्घटनाओं में होने वाली जनहानि एक गंभीर समस्या है, जिससे बचाव के लिए यातायात नियमों का पालन बेहद जरूरी है। उन्होंने छात्रों को जागरूक करते हुए कहा कि वे खुद भी सतर्क रहें और दूसरों को भी नियमों का पालन करने के लिए प्रेरित करें।
एआरटीओ ने छात्रों को समझाया कि सड़क सुरक्षा केवल एक नियम नहीं, बल्कि जीवन की रक्षा का माध्यम है। उन्होंने कहा, “यातायात नियमों का पालन इसलिए करें कि आप और अन्य राहगीर दोनों सुरक्षित रहें। जीवन अनमोल है, इसे किसी भी तरह की लापरवाही से खतरे में न डालें।” उन्होंने यह भी बताया कि सड़क दुर्घटनाओं में होने वाली मौतें कोरोना काल की तुलना में कहीं अधिक हैं, जो बेहद चिंताजनक है।
विद्यालय की प्रवक्ता श्रीना कुमारी ने वाहन चलाते समय मोबाइल फोन के उपयोग के खतरों पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि अक्सर चालक एक हाथ से स्टेयरिंग संभालते हैं और दूसरे हाथ से फोन चलाते हैं, जिससे दुर्घटनाएं होती हैं। उन्होंने बच्चों से अपील की कि जब वे अपने माता-पिता या किसी परिजन के साथ यात्रा करें और देखें कि चालक फोन का इस्तेमाल कर रहा है, तो उसे अवश्य टोकें और रोकें।
कार्यक्रम में प्रधानाचार्य दीपक सक्सेना ने एआरटीओ प्रदीप देशमणी का माल्यार्पण कर स्वागत किया। इस अवसर पर एक दर्जन विद्यालयों के छात्र-छात्राओं ने प्रतिभाग किया। भाषण, क्विज और पोस्टर प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं, जिसमें छात्रों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। भाषण प्रतियोगिता में निर्णायक की भूमिका विमलेश और डॉ. निधि चतुर्वेदी ने निभाई। कार्यक्रम के समापन पर विजेताओं को पुरस्कृत किया गया और सभी को सड़क सुरक्षा नियमों का पालन करने की शपथ दिलाई गई।
