इमरान बेग- इटावा : प्रयागराज महाकुंभ में हुए दुखद हादसे के बाद इटावा डिस्ट्रिक्ट बार एसोसिएशन ने सख्त रुख अपनाते हुए मुख्यमंत्री से न्याय की मांग की है। एसोसिएशन के अध्यक्ष चंद्रशेखर गौड़ के नेतृत्व में अधिवक्ताओं ने जिलाधिकारी के माध्यम से मुख्यमंत्री को एक ज्ञापन सौंपा, जिसमें उन्होंने पांच प्रमुख मांगें रखी।
एसोसिएशन ने हादसे में मारे गए व्यक्तियों के परिवारों को एक-एक करोड़ रुपये का मुआवजा देने और घायलों को 20-20 लाख रुपये का मुआवजा देने की मांग की। इसके साथ ही मृतकों के परिवारों में से एक सदस्य को सरकारी नौकरी देने की भी अपील की गई है।
अधिवक्ता अनिल कुमार गौर ने हादसे के लिए वीवीआईपी कल्चर को जिम्मेदार ठहराया। उन्होंने कहा, “जहां अधिकारी अपनी गाड़ियों से अंदर तक जा रहे हैं, वहीं आम जनता को पैदल दूर-दूर से आना पड़ रहा है, जो कि अत्यंत निंदनीय है।”
एसोसिएशन ने इस घटना के दोषियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने और सुरक्षा व्यवस्था की निष्पक्ष जांच कराने की भी मांग की। ज्ञापन में भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए मानवीय भूलों का आकलन करने और सबक लेने की आवश्यकता पर भी जोर दिया गया।
इस अवसर पर डीबीए के महामंत्री देवेन्द्र पाल सिंह, हंसमुखी शंखवार, राघव शर्मा सहित कई प्रमुख अधिवक्ता उपस्थित थे। एसोसिएशन की ओर से यह स्पष्ट किया गया है कि यदि इन मांगों को पूरा नहीं किया जाता है तो वे आंदोलन करने के लिए तैयार हैं।
