उन्होंने विद्यार्थियों को समय के महत्व को समझाते हुए कहा कि जीवन में कुछ अवसर केवल एक बार मिलते हैं, इसलिए उन्हें गंभीरता से लेते हुए पूरी मेहनत और समर्पण के साथ तैयारी करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री अभ्युदय योजना आर्थिक रूप से कमजोर विद्यार्थियों के लिए एक वरदान के समान है, जो उन्हें निःशुल्क एवं गुणवत्तापूर्ण कोचिंग उपलब्ध कराती है। साथ ही उन्होंने बताया कि प्राचीन विक्टोरिया हॉल में विद्यार्थियों के लिए कोचिंग एवं लाइब्रेरी की व्यवस्था विकसित की जा रही है।
इटावा 20 अप्रैल, 2026- विकास भवन स्थित प्रेरणा सभागार में समाज कल्याण विभाग द्वारा मुख्यमंत्री अभ्युदय योजना के अंतर्गत अभ्युदय संवाद एवं अभिनंदन समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता सदर विधायक सरिता भदौरिया जी द्वारा की गई।
कार्यक्रम का शुभारंभ माननीय विधायक सरिता भदौरिया जी द्वारा दीप प्रज्वलन एवं मां सरस्वती की प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर किया गया।
अपने संबोधन में माननीय विधायक जी ने कहा कि आज के समय में नौकरी और अभ्यर्थियों के बीच केवल योग्यता की कमी ही सबसे बड़ी बाधा है। उन्होंने कहा कि आज अवसरों की कोई कमी नहीं है, बल्कि आवश्यकता है स्वयं को योग्य बनाने की। उन्होंने यह भी कहा कि अब वह समय नहीं रहा जब नौकरी में सिफारिश का प्रभाव होता था, वर्तमान में चयन प्रक्रिया अधिक पारदर्शी हो चुकी है, जिससे प्रतिभाशाली युवाओं के लिए बेहतर अवसर उपलब्ध हुए हैं।

जिलाधिकारी ने अपने संबोधन में चयनित अभ्यर्थियों से आग्रह किया कि वे अपने अनुभव, अध्ययन पद्धति एवं सामने आई चुनौतियों को अन्य विद्यार्थियों के साथ साझा करें, जिससे उन्हें प्रेरणा मिल सके। उन्होंने कहा कि आने वाले समय में विभिन्न पदों पर भर्तियां निकलने वाली हैं, ऐसे में यदि विद्यार्थी निरंतर मेहनत करते हैं तो वे भी सफलता प्राप्त कर सम्मानित एवं गौरवान्वित हो सकते हैं। उन्होंने सेवा भाव को जीवन का प्रमुख लक्ष्य बनाने पर भी जोर दिया।
मुख्य विकास अधिकारी ने अपने संबोधन में कहा कि मुख्यमंत्री अभ्युदय योजना उन विद्यार्थियों के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है, जो आर्थिक कारणों से बड़े शहरों में जाकर कोचिंग प्राप्त नहीं कर पाते। इस योजना के माध्यम से ऐसे विद्यार्थियों को निःशुल्क एवं गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान की जा रही है। उन्होंने कहा कि अक्सर लोग पूछते हैं कि नौकरी कहां है, जबकि वास्तविक प्रश्न यह होना चाहिए कि योग्यता कहां है। यदि व्यक्ति में क्षमता और दृढ़ संकल्प है, तो नौकरी स्वतः प्राप्त हो जाती है। उन्होंने विद्यार्थियों को अनावश्यक बातों एवं समय की बर्बादी से दूर रहकर अपने लक्ष्य पर केंद्रित रहने की सलाह दी।
कार्यक्रम में चयनित अभ्यर्थियों आदित्य कुमार सिंह आई0ए0एस0- 2025, सुश्री इशिता सिंह कोषाधिकारी, यूपीपीसीएस-2024, श्री अंकित पांडे सहायक आयुक्त वाणिज्यकर, यूपीपीसीएस-2024, अनुज दीक्षित नायब तहसीलदार यूपीपीसीएस-2024, पूजा यादव नायब तहसीलदार यूपीपीसीएस-2024, विकास मिश्रा वाणिज्यकर अधिकारी यूपीपीसीएस-2024, दीपेंद्र यादव वाणिज्यकर अधिकारी यूपीपीसीएस-2024 को सम्मानित किया गया तथा उपस्थित विद्यार्थियों को उनके उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएं दी गईं।

आदित्य कुमार सिंह आई0ए0एस0-2025 ने अपने अनुभव साझा कर विद्यार्थियों को प्रेरित किया। उन्होंने बताया कि उन्होंने 10वीं शुद्धिति स्कूल एवं 12वीं कोटा से पूर्ण की तथा आईटी क्षेत्र में कार्य करने के बाद सिविल सेवा की तैयारी शुरू की। उन्होंने सफलता के लिए सीमित स्रोतों से पढ़ाई, सकारात्मक वातावरण और मजबूत मानसिक स्वास्थ्य को अत्यंत महत्वपूर्ण बताया।
उन्होंने कहा कि प्रारंभिक तैयारी में 6–7 घंटे तथा मुख्य परीक्षा के दौरान 14–15 घंटे तक नियमित अध्ययन किया। साथ ही यह भी स्पष्ट किया कि बड़े शहरों या महंगी कोचिंग के बिना भी घर पर रहकर पूरी तैयारी संभव है। उन्होंने विद्यार्थियों का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि दृढ़ संकल्प, निरंतर मेहनत और आत्मविश्वास से कोई भी परीक्षा सफलतापूर्वक उत्तीर्ण की जा सकती है।
उक्त कार्यक्रम में जिला पंचायत सदस्य सचिन यादव, जनप्रतिनिधिगण जिलाधिकारी शुभ्रांत कुमार शुक्ल, मुख्य विकास अधिकारी अजय कुमार गौतम, जिला कल्याण अधिकारी संध्या रानी बघेल तथा विभिन्न विभागों के अधिकारी, शिक्षकगण एवं बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।
