इटावा। हर घर नल योजना के तहत शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराने के नाम पर कई गांवों में सड़कों और गलियों को खोद दिया गया है, लेकिन महीनों बीतने के बावजूद सड़कें और गलियां नहीं बनाई गईं। इस कारण न केवल ग्रामीणों को आवागमन में परेशानी हो रही है, बल्कि योजना के तहत पानी भी घरों तक नहीं पहुंच सका है।
ग्रामीणों ने इस समस्या को लेकर कई बार अफसरों से शिकायत की, लेकिन उनकी सुनवाई नहीं हो रही है। जबकि विभागीय आंकड़ों में दावा किया जा रहा है कि 90 फीसदी सड़कों और गलियों को दुरुस्त कर दिया गया है, जो हकीकत से काफी अलग है।

वर्तमान में फेज दो और तीन के तहत जिले के 540 गांवों में हर घर जल नल योजना का कार्य चल रहा है। इसके लिए शासन से 955 करोड़ रुपये का बजट स्वीकृत किया गया है। योजना के तहत 1100 किमी सड़कों और गलियों को खोदा गया है, लेकिन अधिकांश जगहों पर सड़कें और गलियां पहले की तरह टूटी और अव्यवस्थित पड़ी हैं।
