इटावा। डीपीएस इटावा में प्री-प्राइमरी कक्षाओं के बच्चों के लिए एक विशेष जागरूकता गतिविधि का आयोजन किया गया, जिसमें नन्हे विद्यार्थियों को “हैप्पी टच” और “अनहैप्पी टच” के बारे में सरल एवं प्रभावी तरीके से जानकारी दी गई।
कार्यक्रम के दौरान बच्चों को कहानियों, रोल-प्ले और खुली बातचीत के माध्यम से यह समझाया गया कि उनका शरीर उनका अपना है और किसी भी असहज स्थिति में “ना” कहना बिल्कुल सही है। बच्चों को सुरक्षित और असुरक्षित स्पर्श की पहचान करना तथा किसी भी गलत व्यवहार के बारे में तुरंत अपने अभिभावकों या शिक्षकों को बताने के लिए प्रेरित किया गया।

विद्यालय प्रशासन ने बताया कि बच्चों की सुरक्षा केवल एक पाठ नहीं बल्कि जीवनभर काम आने वाला महत्वपूर्ण कौशल है। यदि यह शिक्षा बचपन से दी जाए तो बच्चे अधिक आत्मविश्वासी और सजग बनते हैं।
इस गतिविधि के माध्यम से विद्यालय ने बच्चों के मानसिक और भावनात्मक सुरक्षा के प्रति अपनी संवेदनशीलता एवं जिम्मेदारी का परिचय दिया। कार्यक्रम के दौरान शिक्षकगण भी उपस्थित रहे और बच्चों को सहज वातावरण में महत्वपूर्ण जानकारी प्रदान की गई।
