उत्तर प्रदेश के प्रधान मुख्य वन संरक्षक (वन्यजीव) अनुराधा वैमुरी ने 04 जनवरी 2025 को इटावा सफारी पार्क का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने पार्क की समस्त व्यवस्थाओं का जायजा लिया और सफारी के व्यापक प्रचार-प्रसार हेतु महत्वपूर्ण निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान उन्होंने पार्क की विभिन्न सुविधाओं और वन्यजीवों के रखरखाव पर विशेष ध्यान दिया।

निरीक्षण के दौरान अनुराधा वैमुरी ने लेपर्ड सफारी, एंटीलोप सफारी, डियर सफारी, भालू सफारी, ब्रीडिंग सेंटर, वन्यजीव चिकित्सालय और लायन सफारी का निरीक्षण किया। उन्होंने सफारी पार्क के वन्यजीव चिकित्सकों और प्रशासन के साथ वन्यजीवों के स्वास्थ्य और प्रबंधन से जुड़ी महत्वपूर्ण चर्चा की। इसके साथ ही उन्होंने पार्क में वन्यजीवों की बेहतरी के लिए आवश्यक कदम उठाने पर जोर दिया।
इस अवसर पर डॉ. राकेश कुमार सिंह, उप मुख्य पशु चिकित्साधिकारी, ने अपनी लिखित पुस्तक “रेस्क्यू के दौरान बरतने वाली सावधानियां” और “इटावा सफारी पार्क के बब्बर शेरों के प्रबंधन संबंधी एस.ओ.पी.” का विमोचन किया। इस पुस्तक में एशियाई शेरों के स्वास्थ्य और प्रजनन प्रबंधन के लिए मानक संचालन प्रक्रियाएं शामिल हैं, जो सफारी के संचालन में एक महत्वपूर्ण दिशा प्रदान करेंगी।
कार्यक्रम में इटावा सफारी पार्क के निदेशक डॉ. अनिल कुमार पटेल, उप निदेशक डॉ. विनय कुमार सिंह, उप प्रभागीय वनाधिकारी विमल कुमार सिंह और अन्य स्टाफ मौजूद रहे। सभी अधिकारियों ने सफारी के प्रबंधन और संरचना को और बेहतर बनाने के लिए अपने सुझाव साझा किए। प्रधान मुख्य वन संरक्षक के इस दौरे से सफारी पार्क में वन्यजीवों के प्रबंधन और संरक्षण को नई दिशा मिलने की उम्मीद है। उनके द्वारा दिए गए निर्देशों के अनुसार, इटावा सफारी पार्क को और अधिक पर्यटकों को आकर्षित करने और वन्यजीव संरक्षण के क्षेत्र में एक मिसाल बनाने के लिए कार्य किया जाएगा।
