महेवा:- श्रीमद् भागवत कथा के छठवें दिन कृष्ण की बाल लीलाओं का वर्णन सुनकर श्रोता हुए भावविभोर। महेवा ब्लॉक अंतर्गत नगला कले में आज सप्त दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा के सातवें दिन कथा वाचिका पूनम शास्त्री जी ने भगवान श्री कृष्ण की विभिन्न बाल लीलाओं और रासलीला का भावपूर्ण वर्णन किया।
भगवान श्री कृष्ण की मनोरम झांकी का अवलोकन कराया गया। पूतना वध, यशोदा मां के साथ बालपन की शरारतें, भगवान श्रीकृष्ण का गो प्रेम, कालिया नाग मान मर्दन, माखन चोरी गोपियों का प्रसंग सहित अन्य कई प्रसंगों का कथा के दौरान वर्णन किया। कंस का आमंत्रण मिलने के बाद भगवान श्री कृष्ण बड़े भाई बलराम जी के साथ मथुरा को प्रस्थान करते हैं।
श्रीमद् भागवत कथा के दौरान बीच-बीच में सुनाए गए भजन पर श्रोता भाव विभोर हो गए। जीव के कल्याण के विषय में प्रकाश डालते हुए कथा वाचक ने बताया कि हरी नाम से ही जीव का कल्याण हो जाता भागवत कथा विचार, वैराग्य, ज्ञान और हरि से मिलने का मार्ग बता देती है। कलयुग में हरी नाम से ही जीव का कल्याण हो जाता है। कलयुग में ईश्वर का नाम ही काफी है सच्चे हृदय से हरि नाम के सुमिरन मात्र से कल्याण संभव है। इसके लिए कठिन तपस्या और यज्ञ आदि करने की आवश्यकता नहीं है। जबकि सतयुग, द्वापर और त्रेता युग में ऐसा नहीं था।
इस दौरान प्रवक्ता शिव शंकर यादव, गंभीर सिंह यादव एवं महेश यादव जी ने कथावाचिका पूनम शास्त्री जी को अंगवस्त्र भेंटकर सम्मानित किया । इस अवसर पर परीक्षित अनार सिंह यादव श्रीमती राजकुमारी , राजीव यादव, गंभीर सिंह, ठेकेदार अमोल सिंह ,महेश यादव ,मीडिया प्रभारी विमल राजपूत प्रहलाद सिंह, विजय यादव, मुकेश फौजी , अखिलेश यादव,राजकुमार ,विकास यादव ,रवि कुमार , मदन सिंह यादव, मोहब्बत सिंह, रामकुमार, केशनरायण सविता, दिनेश यादव सहित हजारों की संख्या में श्रद्धालु भक्त कथा का श्रवण किया। शनिवार को हवन,कलश विसर्जन एवं भंडारे के साथ कथा सम्पन्न हो जाएगा।