चकरनगर-भरेह रोड से गांव गढ़ाकासदा को जोड़ने वाली लिंक रोड प्रशासन की लापरवाही की भेंट चढ़ गई है। पिछले साल चंबल नदी में आई भीषण बाढ़ के कारण इस मार्ग की पुलिया कटाव से क्षतिग्रस्त हो गई थी। इसके बाद बरसात के पानी से स्थिति और भी खराब हो गई, लेकिन अभी तक इसे ठीक कराने की कोई पहल नहीं हुई है।
इस मार्ग का उपयोग चकरनगर से बाबरपुर और बाबरपुर से चकरनगर जाने के लिए किया जाता था, क्योंकि यह रास्ता करीब तीन किलोमीटर की दूरी कम कर देता है। पुलिया क्षतिग्रस्त होने से अब वाहन चालकों और राहगीरों को महुआ सूड़ा चौराहा होते हुए लंबा रास्ता तय करना पड़ रहा है। इससे उन्हें समय और ईंधन दोनों का नुकसान उठाना पड़ रहा है।
गांव बरचोली के निवासी बलबीर सिंह चौहान ने बताया कि पहले लोग इसी लिंक रोड से आसानी से निकल जाते थे, लेकिन पिछले साल आई बाढ़ में पुलिया टूट गई थी। तब से अब तक प्रशासन ने इसकी मरम्मत की कोई सुध नहीं ली। हैरानी की बात यह है कि अधिकारी भी इसी रास्ते से भारेश्वर मंदिर तक जाते हैं, लेकिन पुलिया की दुर्दशा की ओर किसी का ध्यान नहीं है।