इटावा। सनातन बोर्ड की मांग को लेकर 20 अक्टूबर 2026 को सनातन धर्मप्रेमियों से एकजुट होकर सहभागिता करने की अपील की गई है। इस संबंध में जारी संदेश में सभी टोली प्रमुखों से आग्रह किया गया है कि वे मंगलवार सुबह ठीक 10 बजे अपने-अपने साथियों के साथ विश्वनाथ टिक्सी मंदिर पहुंचें। संदेश में समाज के लोगों से सामूहिक रूप से आगे आने और प्रस्तावित यात्रा में भाग लेने का आह्वान किया गया है।
जारी सूचना में ‘जय श्रीराम’ और ‘हर-हर महादेव’ के उद्घोष के साथ सनातन समाज की एकता, मान-सम्मान और स्वाभिमान का विषय उठाया गया है। संदेश के अनुसार, प्रस्तावित यात्रा को किसी एक व्यक्ति का कार्यक्रम न मानकर सनातन समाज की सामूहिक भागीदारी से जुड़ा प्रयास बताया गया है। इसी क्रम में विभिन्न टोली प्रमुखों से अपने साथियों के साथ निर्धारित समय पर पहुंचने की अपील की गई है।
संदेश में टोली प्रमुखों की जिम्मेदारी पर विशेष जोर दिया गया है। उनसे अपने-अपने समूह के सदस्यों को सूचना देने और उनकी सहभागिता सुनिश्चित करने का अनुरोध किया गया है। अपील में कहा गया है कि किसी भी सामूहिक कार्यक्रम में लोगों की भागीदारी और आपसी समन्वय महत्वपूर्ण होता है। इसी उद्देश्य से सभी संबंधित लोगों से समय का ध्यान रखते हुए विश्वनाथ टिक्सी मंदिर पहुंचने को कहा गया है।
सनातन बोर्ड की मांग इस अभियान का प्रमुख मुद्दा है। जारी संदेश में ‘एक स्वर, एक संकल्प—सनातन बोर्ड हमारा अधिकार’ का नारा देते हुए लोगों से इस मांग के समर्थन में एकजुट होने की अपील की गई है। साथ ही 20 अक्टूबर को लेकर तैयारी करने और भगवा ध्वज के साथ सहभागिता करने का आह्वान किया गया है।
संदेश में धार्मिक आस्था के साथ सामाजिक एकता और सामूहिक संकल्प को भी प्रमुखता दी गई है। हालांकि, उपलब्ध सूचना में यात्रा के विस्तृत मार्ग, आयोजन की अन्य व्यवस्थाओं और आयोजकों की ओर से जारी किसी विस्तृत कार्यक्रम की जानकारी नहीं दी गई है।
अपील के अंत में सनातन धर्मप्रेमियों से अपने-अपने टोली प्रमुखों के संपर्क में रहने और कार्यक्रम से संबंधित निर्देशों का पालन करने का आग्रह किया गया है। आयोजकों की ओर से जारी इस संदेश का उद्देश्य सनातन बोर्ड की मांग को लेकर लोगों को एक मंच पर लाना और सामूहिक सहभागिता को बढ़ावा देना बताया गया है।
उल्लेखनीय है कि सूचना में कार्यक्रम की तारीख 20 अक्टूबर 2026, मंगलवार और पहुंचने का समय सुबह 10 बजे निर्धारित बताया गया है। स्थल के रूप में विश्वनाथ टिक्सी मंदिर का उल्लेख किया गया है। कार्यक्रम की आगे की रूपरेखा और यात्रा से जुड़ी विस्तृत जानकारी आयोजकों की ओर से उपलब्ध कराए जाने पर ही स्पष्ट हो सकेगी।
