इटावा। भरथना विधानसभा क्षेत्र में जनसंपर्क के दौरान सांसद जितेंद्र दोहरे ने क्षेत्र की जनता के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि जनता की सेवा करना और उनके सुख-दुख में सहभागी बनना ही उनके जीवन का मुख्य ध्येय है। उन्होंने कहा कि जनप्रतिनिधि और जनता के बीच मजबूत संबंध विश्वास, संवाद और निरंतर संपर्क से कायम होते हैं। क्षेत्रवासियों से मिलने वाले स्नेह एवं सम्मान को उन्होंने अपने लिए महत्वपूर्ण बताया।

सांसद जितेंद्र दोहरे ने कहा कि भरथना विधानसभा क्षेत्र की जनता के बीच पहुंचना और उनसे सीधे संवाद करना उनके लिए हमेशा विशेष अनुभव रहा है। जनसंपर्क के दौरान वह क्षेत्रवासियों से मुलाकात कर उनकी बात सुनते हैं और उनके साथ स्थानीय परिस्थितियों एवं विभिन्न विषयों पर चर्चा करते हैं। उन्होंने कहा कि जनता के बीच रहकर उनके सुख-दुख को साझा करना जनसेवा का महत्वपूर्ण हिस्सा है।
उन्होंने कहा कि क्षेत्र की जनता ने जिस आत्मीयता और सम्मान के साथ उन्हें अपना स्नेह दिया है, उसके लिए वह सभी के हृदय से आभारी हैं। उन्होंने कहा कि जनता का यह विश्वास और अपनापन उन्हें निरंतर अपने दायित्वों के निर्वहन के लिए प्रेरित करता है। जनसंपर्क के दौरान लोगों से मिलने वाला सहयोग उनके लिए ऊर्जा का काम करता है।
जितेंद्र दोहरे ने कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में जनता सर्वोपरि होती है और जनप्रतिनिधि का दायित्व जनता के बीच रहकर उनकी अपेक्षाओं और समस्याओं को समझना है। उन्होंने कहा कि क्षेत्र के लोगों से लगातार संपर्क बनाए रखना तथा उनके साथ आत्मीय संबंध कायम रखना उनकी प्राथमिकताओं में शामिल है। इसी क्रम में वह समय-समय पर भरथना विधानसभा क्षेत्र के विभिन्न इलाकों में पहुंचकर लोगों से संवाद करते रहे हैं।
जनसंपर्क के दौरान क्षेत्रवासियों ने सांसद के साथ अपने विचार साझा किए और विभिन्न स्थानीय विषयों पर बातचीत की। सांसद ने लोगों की बातों को सुना तथा उनके साथ आत्मीय संवाद किया। उन्होंने कहा कि जनता के सुख-दुख में साथ खड़ा होना केवल राजनीतिक जिम्मेदारी नहीं, बल्कि सामाजिक दायित्व भी है।
उन्होंने क्षेत्र की जनता के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराते हुए कहा कि वह आगे भी लोगों के बीच रहकर जनसेवा के कार्यों को आगे बढ़ाने का प्रयास करते रहेंगे। उन्होंने कहा कि जनता से मिलने वाला स्नेह, सम्मान और विश्वास उनके लिए सबसे बड़ी ताकत है। अंत में सांसद ने भरथना विधानसभा क्षेत्र की जनता का उनके निरंतर सहयोग, स्नेह और सम्मान के लिए हृदय से आभार व्यक्त किया।
